रुद्रपुर। जनपद में कानून व्यवस्था को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए धर्मांतरण, अवैध धार्मिक गतिविधियों, नशे के कारोबार और अतिक्रमण पर व्यापक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। सोमवार को जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया की अध्यक्षता में कैम्प कार्यालय में आयोजित समीक्षा बैठक में प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने को कहा गया।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि शांति व्यवस्था बिगाड़ने वाली किसी भी गतिविधि को किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने उत्तराखंड धर्म स्वतंत्रता अधिनियम 2018 के तहत धर्मांतरण से जुड़े मामलों में सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही ऐसे संभावित स्थलों और भवनों की नियमित जांच के निर्देश दिए गए, जहां अवैध रूप से धर्मांतरण गतिविधियां संचालित होने की आशंका हो।
बैठक में महिला सुरक्षा, पॉक्सो मामलों, चोरी, गृहभेदन, अवैध नशे, मिलावटी दवाइयों और इंजेक्शन के कारोबार पर प्रभावी कार्रवाई को लेकर भी चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने पुलिस और संबंधित विभागों को संयुक्त अभियान चलाकर अपराधों पर अंकुश लगाने के निर्देश दिए।
औद्योगिक क्षेत्रों में श्रमिक विवादों और संगठनों की गतिविधियों पर भी प्रशासन ने नजर बनाए रखने को कहा है। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कंपनियों द्वारा कर्मचारियों को निर्धारित न्यूनतम वेतन दिए जाने की नियमित जांच की जाए।
अवैध धार्मिक संरचनाओं और सरकारी जमीनों पर कब्जों को लेकर भी प्रशासन ने सख्ती दिखाई। नगर निगम, राजस्व और ग्रामीण क्षेत्रों के अधिकारियों को अवैध निर्माणों को चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। वहीं कल्याणी नदी में हुए अतिक्रमण को हटाने के लिए सिंचाई विभाग और नगर निगम को वर्षाकाल से पहले अभियान चलाने को कहा गया, ताकि बरसात में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न न हो।
जिलाधिकारी ने कहा कि सामाजिक सौहार्द बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए विभिन्न विभागों के संयुक्त शिविर लगाकर लोगों की समस्याओं का मौके पर समाधान किया जाएगा। बैठक में एसएसपी अजय गणपति, सीडीओ दिवेश शाशनी, एडीएम पंकज उपाध्याय सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।
