– भगवंत मान सरकार ने रचा इतिहास
- आकांक्षा राजपूत
चंडीगढ़। पंजाब की धरती से देश के स्वास्थ्य ढांचे में एक ऐसे ऐतिहासिक सुधार का शंखनाद हुआ है, जो आने वाले समय में समूचे भारत के लिए एक नजीर साबित होने वाला है। मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार ने अपनी महत्वाकांक्षी ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ का आगाज कर राज्य के हर परिवार को सालाना 10 लाख रुपये तक के मुफ्त और कैशलेस इलाज की गारंटी दे दी है। मोहाली में आयोजित एक भव्य राज्य-स्तरीय समारोह के दौरान आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस योजना को हरी झंडी दिखाते हुए इसे श्स्वास्थ्य के अधिकारश् की दिशा में सबसे बड़ा कदम करार दिया है।
65 लाख परिवारों के लिए उम्मीद की नई किरण
इस योजना का सबसे व्यापक पक्ष इसकी सर्व-समावेशिता है। पंजाब सरकार ने राज्य के 65 लाख से अधिक परिवारों को इस सुरक्षा कवच के दायरे में लाकर अमीर और गरीब के बीच की उस गहरी खाई को पाट दिया है, जो अक्सर महंगे इलाज के कारण और चौड़ी हो जाती थी। योजना के शुभारंभ पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अत्यंत भावुक और दृढ़ स्वर में कहा कि ष्अब पंजाब के किसी भी नागरिक को अपने स्वजन के इलाज के लिए अपनी पुश्तैनी जमीन बेचने या साहूकारों से कर्ज लेने की मजबूरी नहीं झेलनी पड़ेगी।ष् सरकार द्वारा जारी श्हेल्थ कार्डश् अब केवल एक दस्तावेज नहीं, बल्कि हर पंजाबी के सम्मान और जीवन की रक्षा का अधिकार पत्र बन गया है।
900 अस्पतालों का विशाल नेटवर्क और कैशलेस सुविधा
योजना की सफलता का आधार इसका बेहद सुदृढ़ और पारदर्शी नेटवर्क है। पंजाब और चंडीगढ़ के 900 से अधिक सरकारी और प्रतिष्ठित निजी अस्पतालों को इस योजना के पैनल में शामिल किया गया है। लाभार्थी बिना किसी जटिल कागजी कार्रवाई या श्रेड टेपिज्मश् के इन अस्पतालों में सीधे कैशलेस सुविधाओं का लाभ ले सकेंगे। अस्पताल में भर्ती होने से लेकर, विशेषज्ञ डॉक्टरों के परामर्श, जटिल ऑपरेशन, दवाइयां और महंगे टेस्ट तक का पूरा खर्च अब सीधे सरकार वहन करेगी। यह व्यवस्था न केवल मरीजों के लिए सुलभ है, बल्कि चिकित्सा तंत्र में पारदर्शिता लाने की दिशा में भी एक क्रांतिकारी कदम है।
गंभीर बीमारियों के विरुद्ध ‘ब्रह्मास्त्र’
मध्यमवर्गीय और गरीब परिवारों के बिखरने का सबसे बड़ा कारण कैंसर, किडनी ट्रांसप्लांट या हृदय संबंधी बीमारियां होती हैं, जिनके खर्च में जीवनभर की जमा-पूंजी समाप्त हो जाती है। श्मुख्यमंत्री सेहत योजनाश् ने इन गंभीर बीमारियों को प्राथमिकता पर रखा है। किडनी ट्रांसप्लांट, कार्डियक सर्जरी और कैंसर जैसे जानलेवा रोगों का पूर्ण उपचार अब बिना किसी आर्थिक चिंता के संभव होगा। राज्य के सभी 3 करोड़ पंजाबियों के लिए समान स्वास्थ्य सुविधाओं की यह पहुँच श्वेलफेयर स्टेटश् की उस अवधारणा को चरितार्थ करती है, जहाँ स्वास्थ्य सेवा व्यापार नहीं बल्कि सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
हेल्थ कार्डः डिजिटल सुरक्षा की गारंटी
योजना को भ्रष्टाचार मुक्त और प्रभावी बनाने के लिए हाई-टेक श्हेल्थ कार्डश् जारी किए गए हैं। प्रत्येक कार्ड में परिवार के सदस्यों के विवरण के साथ एक विशिष्ट बारकोड अंकित होगा। अस्पताल पहुँचते ही केवल इस कार्ड को स्कैन करने मात्र से मरीज का उपचार प्रारंभ हो जाएगा। इस अवसर पर अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पंजाब ने आज वह कर दिखाया है जो विकसित देशों में भी एक चुनौती है। उन्होंने इसे देश के इतिहास की सबसे बड़ी स्वास्थ्य क्रांति बताते हुए कहा कि श्पंजाब मॉडलश् अब स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में पूरे देश के लिए एक नई मिसाल बनकर उभरेगा।
