Screenshot_72

संभल में मिसाल: सरकारी जमीन पर बनी मस्जिद और मदरसा ग्रामीणों ने खुद ढहाया; तहसीलदार से मांगी JCB, बोले— “अवैध निर्माण नहीं रखेंगे”

संभल। उत्तर प्रदेश के संभल जिले से एक विरली तस्वीर सामने आई है, जहाँ ‘बुलडोजर’ डर का नहीं बल्कि ‘स्वैच्छिक सुधार’ का प्रतीक बना। संभल तहसील के मुबारकपुर बंद गांव में ग्रामीणों ने दरियादिली दिखाते हुए ग्राम सभा की साढ़े तीन बीघा जमीन पर अवैध रूप से बने मदरसे, मस्जिद और स्कूल को खुद ही गिराना शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने इसके लिए बाकायदा प्रशासन से जेसीबी (JCB) मशीन उपलब्ध कराने का अनुरोध किया था, जिसका किराया भी वे खुद वहन कर रहे हैं।

तहसीलदार से मांगी मदद, खुद कर रहे भुगतान

तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि ग्राम सभा की भूमि पर गौसुल मदरसा, मस्जिद और एक प्राथमिक स्कूल बना हुआ था। जैसे ही गांव के लोगों को यह जानकारी हुई कि यह निर्माण सरकारी जमीन पर है, उन्होंने आपसी सहमति से इसे हटाने का निर्णय लिया। ग्राम प्रधान के पति हाजी मुनव्वर ने बताया कि पहले मजदूरों से काम कराया जा रहा था, लेकिन काम बड़ा होने के कारण तहसीलदार से जेसीबी मांगी गई। मशीन के किराये का भुगतान ग्रामीण स्वयं करेंगे।

20 घंटे का ऑपरेशन और प्रशासन की सराहना

हाजी मुनव्वर के अनुसार, निर्माण को पूरी तरह हटाने में लगभग 20 घंटे का समय लगेगा। प्रशासन ने ग्रामीणों के इस कदम की सराहना की है। गौरतलब है कि संभल का यह क्षेत्र जनवरी 2026 में तब चर्चा में आया था जब प्रशासन ने राया बुजुर्ग गांव में अवैध मस्जिद और बिजली चोरी के खिलाफ सख्त अभियान चलाया था। संभवतः उसी कड़ी में अब ग्रामीण स्वयं नियमों का पालन करने के लिए आगे आ रहे हैं

error: Content is protected !!