पशुलोक बैराज के पास तेज बहाव और दुर्गम तटों के बीच चला रेस्क्यू ऑपरेशन; ढालवाला पोस्ट की टीम ने 2 किलोमीटर पैदल चलकर युवक को निकाला।
ऋषिकेश। गंगा के उफान और तेज बहाव के बीच पशुलोक बैराज के पास बने एक टापू पर फंसे युवक के लिए एसडीआरएफ (SDRF) की टीम फरिश्ता बनकर पहुंची। ऋषिकेश कंट्रोल रूम से मिली सूचना के बाद एसडीआरएफ पोस्ट ढालवाला की टीम ने रात के घने अंधेरे और नदी के प्रचंड वेग के बीच साहसिक अभियान चलाकर युवक को सकुशल रेस्क्यू कर लिया है।
अंधेरे और तेज बहाव में 2 किलोमीटर की खोज
घटना की सूचना मिलते ही निरीक्षक कविंद्र सजवाण के नेतृत्व में रेस्क्यू टीम आवश्यक उपकरणों के साथ मौके पर पहुंची। इससे पहले स्थानीय ग्रामीणों ने पशुलोक बैराज से कुनाऊ गांव की ओर करीब डेढ़-दो किलोमीटर तक युवक की तलाश की थी, लेकिन उन्हें कोई सफलता नहीं मिली। नदी का बहाव तेज होने और अंधेरा होने के कारण स्थिति काफी चुनौतीपूर्ण थी।
एसडीआरएफ की टीम ने हिम्मत नहीं हारी और दुर्गम नदी तटों के बीच सघन सर्चिंग अभियान जारी रखा। आखिरकार, कुनाऊ गांव से लगभग दो किलोमीटर आगे नदी के बीच बने एक टापू पर युवक सुरक्षित मिल गया। टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद उसे मुख्य धारा से बाहर निकाला।
बीटेक का छात्र है आयुष
रेस्क्यू किए गए युवक की पहचान आयुष ममगई (20 वर्ष) के रूप में हुई है। आयुष ऋषिकेश के इंद्र नगर का निवासी है और बीटेक का छात्र है। युवक टापू पर कैसे पहुंचा और वहां कैसे फंस गया, इस बारे में स्थिति अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं है, लेकिन समय रहते रेस्क्यू होने से उसकी जान बच गई।
